राज्य दर्पण: बदलती नीतियों में हम (राजस्थान, दिसंबर 2019)

अलग-अलग राज्यों से जानिये कि सामाजिक क्षेत्र मैं कौन से अहम् नीति सम्बंधित फैसले लिए जा रहे हैं, और इनका हम जैसे नागरिकों के जीवन पर क्या असर पड़ेगा। 

 

शिक्षा में ‘आओ चले विद्यालय की ओर’ अभियान
  • ‘आओ चले विद्यालय की ओर’ अभियान  शिक्षा मंत्री राजस्थान के माध्यम से चलाया जा रहा है, जिसके तहत संभाग अनुसार प्रत्येक विधालय की स्थिति एवं सुधारों हेतु काम चल रहा है इसी अभियान के माध्यम से जमीनी स्तर पर जाकर फैसले लिए जा रहे है
  • अब शिक्षकों की लगेगी ऑनलाइन उपस्थिति, शाला दर्पण पर 1 जनवरी से होगी शुरूआत, व्यक्ति प्रकरण व अवकाश भी होंगे ऑनलाइन एवं नई स्थानान्तरण नीति इसी ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से किये जाने पर विचार किया जा रहा है 
‘निरोगी राजस्थान योजना’ की शुरुआत
  • 17 दिसंबर 2019 को ’निरोगी राजस्थान योजना’ का शुभारंभ हो रहा है। निरोगी राजस्थान अभियान के 2 घटक हैं, एक समर्पित वेबसाइट और कॉल सेंटर जो स्वास्थ्य के मुद्दों पर जागरूकता फैलाएंगे।
  • मुख्यमंत्री निरोगी हेल्थ स्कीम के तहत सरकार वेबसाइट और एक हेल्पलाइन नंबर जारी करेगी। जहाँ पर राज्य का कोई भी नागरिक फोन करके बीमारियों और उनसे निपटने की जानकारी ले सकते हैं।
  • इस सरकारी योजना के तहत बुजुर्गों के लिए हर मेडिकल कॉलेज में जिरिएट्रिक डिपार्टमेंट (बुढ़ापे से सम्बंधित डिपार्टमेंट) खोला जाएगा। इसके माध्यम से प्राथमिकता के आधार पर बुजुर्गों के लिए फ्री स्वास्थ्य सेवा व जांच कार्यक्रम चलाए जाएंगे। स्वास्थ्य शिक्षा कार्यक्रम सभी स्कूलों और सार्वजनिक संस्थानों में चलाए जाएंगे।
  •  मुख्यमंत्री ने अधिकारियों के साथ एक बैठक में फैसला किया कि राज्य में चिकित्सा विभाग, शिक्षा विभाग और डीपीआर के माध्यम से मुख्यमंत्री निरोगी योजना राजस्थान के लिए एक विशेष जागरूकता अभियान चलाया जाएगा।
जन आधार कार्ड: एक कार्ड, एक नम्बर, एक पहचान
  • इस कार्ड के तहत जन सांख्यिकीय एंव सामाजिक आर्थिक सूचनाओं का डेटाबेस तैयार कर प्रत्येक परिवार को एक नंबर, एक कार्ड, एक पहचान के लिए 10 अंकों का नंबर जारी किया जाएगा। यह कार्ड बनने के बाद अलग-अलग कार्ड बनवाने की जरूरत नहीं रहेंगी। 
  • यह कार्ड राशन कार्ड, भामाशाह कार्ड की जगह लेगा यानि हम कह सकते है इन सभी कार्डों का लाभ अब एक हीं कार्ड से उठाया जा सकता है।
  • पेंशनकर्मियों को हर साल जीवित प्रमाण पत्र बनवाना पड़ता था अब नहीं योजना के तहत यह प्रमाण पत्र हर साल नहीं बनवाना पड़ेगा।
  • परिवार के प्रत्येक सदस्यों का नाम आटो एड हो जाएगा । बार-बार नाम जुड़वाने की जरूरत नहीं होगी।जन आधार कार्ड एक परिवार की एक पहचान बनेगा यानि एक कार्ड, एक नम्बर, एक पहचान।